17th August 2026

BREAKING NEWS

90 की क्षमता वाली नाव में सवार थे 153 लोग, पलटने से 72 की मौत

वनडे वर्ल्ड कप 2027 को लेकर ICC की बड़ी तैयारी, गांधी जयंती पर हो सकता है टूर्नामेंट का आगाज

संडे को घूमने का है प्लान तो संभलकर निकलें, कई जिलों में बारिश का अलर्ट

सेहत पर पड़ सकता है असर

अब Computer पर आपकी हर एक्टिविटी रखेगा याद, जानें Computer History फीचर की पूरी जानकारी

Advertisment

CG News : पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने बुजुर्ग की मदद के लिए दिलाई 1 लाख की आर्थिक सहायता, कोरबा में लगा दिव्य दरबार

Media Yodha Desk Wed, Apr 1, 2026

कोरबा : जिले में बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की कथा में 583 लोगों की 'घर वापसी' हुई। इनमें एक मुस्लिम परिवार भी शामिल है, जिन्होंने सनातन धर्म अपनाया है। वहीं, दरबार में महिलाएं और पुरुष झूमते नजर आए। पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने धर्मांतरण कराने वालों को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि, जब तक जिएंगे, हिंदुओं को न कटने देंगे, न बंटने देंगे और न मिटने देंगे। उन्होंने यह भी बताया कि लालच में आकर जिन लोगों ने हिंदू धर्म छोड़कर दूसरा मजहब अपनाया था, उनमें से सैकड़ों लोग अब 'घर वापसी' कर रहे हैं।

दरअसल, कोरबा के ढपढप में 5 दिवसीय हनुमंत कथा का आयोजन किया गया है। आज चौथे दिन पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के दिव्य दरबार में जनसैलाब उमड़ पड़ा। चौथे दिन 2 लाख से ज्यादा लोग पहुंचे थे। दावा है कि दरबार में भूत-प्रेत बाधा से पीड़ित लोगों का इलाज किया गया। पर्चा लिखकर लोगों की समस्याओं का समाधान किया। पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने मंत्रोच्चार शुरू करते ही, दरबार में मौजूद कई महिला-पुरुष असामान्य व्यवहार करने लगे। कुछ लोग जमीन पर लोटते और झूमते हुए दिखाई दिए।

दरबार के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एक गरीब बुजुर्ग की मदद के लिए यजमानों और जनप्रतिनिधियों से आगे आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि, लोग नाचने वाली स्त्रियों पर तो पैसे लुटाते हैं, लेकिन जरूरतमंदों की मदद के लिए भी आगे आना चाहिए। बुजुर्ग ने धीरेंद्र शास्त्री को बताया कि, वो पाली मुनगाडीह का रहने वाला है। अपने घर से पैदल सुबह निकला था। इस दरबार में शामिल हो गया। उसकी आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। जिस पर धीरेंद्र शास्त्री ने तत्काल 50 हजार दिए। वहीं, सामने बैठे वीआईपी लोगों को आर्थिक मदद करने को कहा। जिसके बाद कुल 1 लाख 20 हजार रुपए बुजुर्ग को दिए गए। इसके बाद उन्होंने अपने टीम के वाहन से सुरक्षित घर तक छोड़ने को कहा।

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन