13th June 2026

BREAKING NEWS

मुंगेली पुलिस-परिवहन विभाग की संयुक्त कार्रवाई, SNG कॉलेज में वाहनों की फिटनेस जांच

SSP भोजराम पटेल ने रात में किया डायल-112 का औचक टेस्ट, खुद बनकर पहुंचे आवेदक

‘बहन का बदला’ लेने निकले युवक की हत्या मामले में बिलासपुर हाईकोर्ट ने उम्रकैद की सजा बरकरार रखी

10 करोड़ की खेप के साथ 2 तस्कर गिरफ्तार

मनरेगा कार्य के दौरान आकाशीय बिजली का कहर, 3 मजदूरों की दर्दनाक मौत; 5 महिलाएं घायल

Advertisment

दिल्ली से हुई जांच : छत्तीसगढ़ के 5 मेडिकल कॉलेज अटके! NMC की सैटेलाइट रिपोर्ट के बाद फैसला

Media Yodha Desk Fri, Jun 12, 2026

रायपुर : छत्तीसगढ़ के युवाओं और मेडिकल की पढ़ाई करने का सपना देख रहे छात्रों के लिए एक बेहद बुरी खबर सामने आ रही है। राज्य में इस साल खुलने जा रहे 5 नए सरकारी मेडिकल कॉलेजों पर नेशनल मेडिकल कमीशन ने पूरी तरह से ब्रेक लगा दिया है। एनएमसी से हरी झंडी नहीं मिलने के कारण अब इस सत्र में ये कॉलेज नहीं खुल पाएंगे। इस पूरे मामले में स्वास्थ्य विभाग के बड़े अफसरों की एक ऐसी गंभीर लापरवाही उजागर हुई है, जिसने पूरे प्रदेश को शर्मिंदा कर दिया है।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार राज्य सरकार ने मनेंद्रगढ़, कवर्धा, गीदम(दंते वाड़ा), जांजगीर और कुनकुरी में नए मेडिकल कॉलेज खोलने का बड़ा फैसला किया था। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश भी दिए गए थे कि वे एनएमसी के तय मापदंडों के अनुसार सारी तैयारियां पूरी कर लें। लेकिन अफसरों ने इस काम को कतई गंभीरता से नहीं लिया। हैरत की बात ये है कि खुद स्वास्थ्य मंत्री के गृह जिले मनेंद्रगढ़ में न तो अस्पताल की ढंग की व्यवस्था है और न ही कॉलेज की बिल्डिंग खड़ी हुई है। इसके बावजूद अफसरों ने कागजों पर ही कॉलेज खोलने की फाइल आगे बढ़ा दी।

बताया जा रहा है कि स्वास्थ्य विभाग के आला अधिकारी इस मुगालते में थे कि केंद्र और राज्य में एक ही दल की सरकार है,तो डबल इंजन के रसूख पर एनएमसी आंख बंद करके परमिशन दे देगा। इसी ओवरकॉन्फिडेंस में बिना कॉलेज और अस्पताल भवन बने ही प्रस्ताव दिल्ली भेज दिया गया।

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन